2016-03-23 05:51:17
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*इंसान अपना वो चेहरा तो*
*खूब सजाता है , जिस पर*
*लोगों की नज़र होती है*
*मगर आत्मा को सजाने की*
*कोशिश कोई नही करता*,
*जिस पर परमात्मा की नजर होती हैं*
🌞 *|| सुप्रभात ||*🌞
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